क्रिसमस कैरोल: क्रिसमस की सुबह

क्रिसमस कैरोल: क्रिसमस की सुबह


स्क्रूज बदले हुए दिल के साथ जागता है और उदारता और हँसी के साथ क्रिसमस मनाना शुरू करता है।

उसने व्यापारियों को एक बूढ़े आदमी की मौत पर मज़ाक करते दिखाया। वे उसके अंतिम संस्कार में केवल मुफ़्त खाने के लिए जाते। ओल्ड जो की अँधेरी दुकान में तीन लोग मरे आदमी के कमरे से चुराए पर्दे और कपड़े बेच रहे थे। एक गरीब जोड़ा खुश था कि उनका कठोर उधार देने वाला अब नहीं रहा।

“वह अकेला आदमी कौन था?” स्क्रूज ने पूछा। आत्मा ने सिर्फ़ उँगली उठाई।

फिर क्रैचिट परिवार दिखाई दिया। घर बहुत शांत था। बॉब नन्हे टिम की छोटी कब्र देखकर लौटा और सबने बच्चे को कभी न भूलने की बात कही। आख़िर आत्मा स्क्रूज को कब्रिस्तान ले गई। एक भूले हुए पत्थर पर उसी का नाम लिखा था।

स्क्रूज ने आत्मा का चोगा पकड़ लिया।

"नहीं!" वह चिल्लाया। "मैं क्रिसमस को अपने दिल में रखूँगा। मैं दयालु बनूँगा। मैं इन परछाइयों को बदल दूँगा!"

वह अपने बिस्तर में जागा।

सुबह की धूप कमरे में भरी थी।

स्क्रूज हँसा। पहले वह पुराने फाटक जैसी जंग लगी हँसी थी, पर जल्दी सुधर गई।

"मैं जीवित हूँ!" वह चिल्लाया। "और आज क्रिसमस है!"

उसने खिड़की खोली और सड़क पर एक लड़के को पुकारा।

"आज कौन-सा दिन है?"

"क्रिसमस डे, और क्या!" लड़के ने जवाब दिया।

"बहुत बढ़िया!" स्क्रूज चिल्लाया। "सबसे बड़ा टर्की खरीदकर बॉब क्रैचिट के घर ले जाओ। बचे पैसे रख लेना!"

लड़का इतनी तेज़ भागा कि लगभग कल पहुँच गया। स्क्रूज ने बिना अपना नाम बताए बॉब के घर सबसे बड़ा टर्की भेज दिया। यह राज़ रखकर उसे खूब मज़ा आया।

स्क्रूज ने अपने सबसे अच्छे कपड़े पहने, दान दिया, सबको गर्मजोशी से नमस्ते की, और अपने भतीजे के खाने पर गया।

अगली सुबह बॉब क्रैचिट देर से आया, घबराया और ठंड से काँपता हुआ।

स्क्रूज ने भयंकर भौंहें चढ़ाईं।

फिर अचानक बोला, "मैं तुम्हारी तनख्वाह बढ़ाने वाला हूँ! और तुम्हारे परिवार की मदद करूँगा! और इस दफ़्तर के लिए और कोयला खरीदूँगा, इससे पहले कि आग अकेलेपन से मर जाए!"

बॉब लगभग गिर पड़ा।

उस दिन से स्क्रूज लंदन का अच्छा मित्र, अच्छा मालिक और अच्छा इंसान बन गया। उसने नन्हे टिम को स्वस्थ होने में मदद की, क्रिसमस को खुशी से मनाया और इतनी गर्म हँसी हँसा कि लोग उसे आता सुनकर मुस्करा देते।

और नन्हा टिम, जो जीवित रहा, हमेशा कहता था, “ईश्वर हम सबका भला करे!”